YEIDA: यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) ने शुक्रवार को अपनी 84वीं बोर्ड बैठक में वित्त वर्ष 2025-26 के लिए 9991.85 करोड़ रुपये के बजट को मंजूरी दी। इस बैठक में संपत्ति की दरों में भारी वृद्धि, भूमि अधिग्रहण नीति में बदलाव और किसानों के लिए अधिक मुआवजे जैसे कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए।
इस फैसले से यमुना प्राधिकरण क्षेत्र, ग्रेटर नोएडा और जेवर एयरपोर्ट के आसपास संपत्ति खरीदना महंगा हो जाएगा। वहीं, किसानों को अधिक मुआवजा मिलने से भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया आसान होगी।
📌 बैठक में लिए गए मुख्य फैसले
1️⃣ संपत्ति दरों में भारी वृद्धि
यमुना प्राधिकरण ने सभी श्रेणियों की संपत्तियों के दाम बढ़ाने का फैसला किया है। यह बढ़ोतरी न्यूनतम 10% से लेकर अधिकतम 62% तक की गई है।
| संपत्ति प्रकार | पुराना रेट (₹/㎡) | नया रेट (₹/㎡) | वृद्धि (%) |
|---|---|---|---|
| आवासीय | 25,900 | 35,000 | 35% |
| कॉमर्शियल | 51,800 – 62,000 | 74,000 – 84,000 | 40-45% |
| ग्रुप हाउसिंग | 32,375 | 52,500 | 62% |
| इंस्टीट्यूशनल | 7,930 | 10,990 – 18,030 | 38-127% |
| औद्योगिक | 8,670 – 14,240 | 9,550 – 15,767 | 10-12% |
📌 इस वृद्धि से घर, दुकान और उद्योगों के लिए भूमि खरीदना महंगा हो जाएगा।
2️⃣ किसानों के लिए 4,300 रुपये प्रति वर्गमीटर मुआवजा
YEIDA: यमुना प्राधिकरण ने नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से प्रभावित किसानों की तरह ही अब पूरे प्राधिकरण क्षेत्र के किसानों को 4,300 रुपये प्रति वर्गमीटर की दर से मुआवजा देने का निर्णय लिया है।
✅ यह मुआवजा दर अधिग्रहण और सहमति से भूमि क्रय दोनों पर लागू होगी।\
✅ अब किसानों को अधिक मुआवजा मिलेगा, जिससे भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया आसान होगी।\
✅ इस फैसले से यमुना प्राधिकरण की परियोजनाओं को गति मिलेगी और विकास कार्य तेजी से पूरे होंगे।\
✅ प्राधिकरण ने अगले वित्तीय वर्ष में भूमि अधिग्रहण पर सबसे अधिक बजट खर्च करने का निर्णय लिया है।
📌 इससे नोएडा एयरपोर्ट, फिल्म सिटी, लॉजिस्टिक्स हब, डेटा सेंटर और अन्य परियोजनाओं के लिए भूमि अधिग्रहण तेजी से पूरा हो सकेगा।
3️⃣ विकास परियोजनाओं को गति देने पर जोर
YEIDA: यमुना प्राधिकरण ने 2025-26 के बजट में विकास कार्यों को तेजी से पूरा करने के लिए भूमि अधिग्रहण और इंफ्रास्ट्रक्चर पर भारी निवेश करने का फैसला लिया है।
🔹 जेवर एयरपोर्ट के आसपास नई टाउनशिप विकसित की जाएगी।\
🔹 फिल्म सिटी परियोजना के लिए भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया को तेज किया जाएगा।\
🔹 नोएडा और ग्रेटर नोएडा को यमुना एक्सप्रेसवे से बेहतर जोड़ने के लिए नए सड़क परियोजनाओं को मंजूरी दी जाएगी।\
🔹 लॉजिस्टिक्स हब, डेटा सेंटर और औद्योगिक क्षेत्रों के लिए भूमि आवंटन प्रक्रिया को तेज किया जाएगा।
📌 इससे यमुना सिटी और ग्रेटर नोएडा में निवेश बढ़ने की संभावना है।
📢 इन फैसलों का प्रभाव
📌 घर खरीदना और बनाना महंगा होगा – रिहायशी और ग्रुप हाउसिंग संपत्तियों की कीमतें बढ़ने से आम जनता को अधिक खर्च करना होगा।
📌 निवेशकों को बड़ा फायदा – पहले से संपत्ति खरीद चुके लोगों को उनकी संपत्ति की कीमत बढ़ने से अच्छा रिटर्न मिलेगा।
📌 औद्योगिक और व्यावसायिक परियोजनाओं की लागत बढ़ेगी – नए उद्योगों और व्यापारियों को अधिक कीमत चुकानी होगी।
📌 किराये में इजाफा संभव – रिहायशी और कमर्शियल संपत्तियां महंगी होने से किराया भी बढ़ सकता है।
📌 भूमि अधिग्रहण तेजी से होगा – मुआवजा दर बढ़ने से किसानों का विरोध कम होगा और सरकारी परियोजनाएं तेजी से पूरी होंगी।
📌 क्या अभी निवेश करना सही रहेगा?
✔ 1 अप्रैल 2025 से पहले संपत्ति खरीदना फायदेमंद रहेगा, क्योंकि उसके बाद नई दरें लागू हो जाएंगी।\
✔ नोएडा एयरपोर्ट, फिल्म सिटी, और औद्योगिक परियोजनाओं के कारण इस क्षेत्र में संपत्ति की कीमतें लगातार बढ़ेंगी।\
✔ अगर आप लंबी अवधि के लिए निवेश करना चाहते हैं, तो यमुना सिटी और ग्रेटर नोएडा में अभी निवेश करना बेहतर होगा।
🚀 निष्कर्ष
यमुना प्राधिकरण की 84वीं बोर्ड बैठक में लिए गए फैसलों से यमुना सिटी, जेवर, और ग्रेटर नोएडा में संपत्ति की कीमतों में बड़ा उछाल आने वाला है।
- संपत्ति दरों में वृद्धि से आम जनता और निवेशकों को अलग-अलग प्रभाव पड़ेगा।
- किसानों को अब 4,300 रुपये प्रति वर्गमीटर मुआवजा मिलेगा, जिससे भूमि अधिग्रहण तेजी से होगा।
- यमुना सिटी और ग्रेटर नोएडा में नए निवेशकों के लिए संपत्ति खरीदने का यह सही समय है।
📢 अगर आप नोएडा, ग्रेटर नोएडा या यमुना सिटी में संपत्ति खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो जल्द फैसला लें, क्योंकि कीमतें लगातार बढ़ रही हैं! 🚀
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